Author Archives: Gayatri

About Gayatri

A dreamer; nomad at heart. Found refuge in poetry, storytelling and travelling. Writing the bestseller called Life. Few days, a content writer and candid photographer @ImaGeees. I travel thus I write. I write therefore I am.

स्वतंत्रता दिवस -एक लघु कथा

दीपू आज बहुत खुश था .इतना खुश कि ख़ुशी के मारे पूरी रात आँखों ही आँखों में काटी थी, बस कब सुबह हो और उसका ख्वाब पूरा हो!  कल १५ अगस्त जो है . बापू ने उसे वादा किया था … पढना जारी रखे

कहानी में प्रकाशित किया गया | Tagged , , , , | 14 टिप्पणियाँ

माँ

  कभी सोचा है माँ के काँधे कितने दुखते होंगे, नित नयी जिम्मेदारियों के तले और थोड़ा झुकते होंगे। कितनी उम्मीदें, आशाएं, उपेक्षाएं बाजुओं को खोंचती होंगी, वो दिन में मुसकुराती माँ, रात भर नींद में सिसकती होगी। छू के … पढना जारी रखे

कविता में प्रकाशित किया गया | टिप्पणी करे

गुज़रा साल और तुम

तेरे आज और कल के दरमियान,
एक सदी गुज़र गयी एक साल मे. पढना जारी रखे

कविता में प्रकाशित किया गया | 1 टिप्पणी

नीम

थोड़ी कड़वा हो रही हूँ। शायद नीम हो गयी हूँ ! पढना जारी रखे

कविता में प्रकाशित किया गया | टिप्पणी करे

जन्माष्टमी के दिन

जन्माष्टमी के दिन नवशिशु कान्हा को दूध से नहलाते हैं, नये वस्त्र पहनाकर सोलह श्रंृगार किये नयी राधा रानी के संग झूले पर सजाते हैं । झांकियाँ निकलती हैं, ढोल मंजीरों के बीच कान्हा कान्हा की हूंकार से गुज़र हर … पढना जारी रखे

कविता में प्रकाशित किया गया | टिप्पणी करे

दो दशक

हम मिले ज़िन्दगी के उस मोड़ पर फिर से,
जहाँ तुम उतने ही साधारण थे जितनी की मैं ,
एक मार्गदर्शक, एक हमसफ़र के चेहरों से छुपे,
अपने आगे अपनो के सुख दुःख को जीते हुए। पढना जारी रखे

कविता में प्रकाशित किया गया | Tagged , , , , | टिप्पणी करे

….

कहने को न हो कुछ भी ,वो दिन कुछ ख़ास होते हैं. बयां न कर पाये जो जज़्बात,दिल के पास होते हैं.

कविता में प्रकाशित किया गया | टिप्पणी करे